आज भारतीय शेयर बाजार में 11 सितंबर 2026 को बाजार के मुख्य सूचकांक सेंसेक्स और निफ़्टी में भयंकर गिरावट देखने को मिली। जिसका मुख्य कारण मिडल ईस्ट में भयंकर करना होना। क्योंकि मिडल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच अभी हाल ही में संघर्ष पुनः प्रारंभ चुका है दोनों देशों ने एक दूसरे पर मिसाइल अटैक भी किए हैं जिसका असर आज भारतीय शेयर बाजार पर दिखा। जिससे सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट आई। और उसी के साथ कच्चा तेल $108 पहुंचा।
शुरुआती कारोबार में दोनों मुख्य सूचकांक पिछले 3 महीने के निचले स्तर को छुआ। साथ ही बढ़ती महंगाई और ब्याज की दरो के कारण बाजार में कमजोरी का माहौल दिखा।
सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट
आज शुक्रवार के दिन निफ़्टी का इंडेक्स 0.92% से गिरकर 23261.70 पर पहुंच गया। ठीक इसीप्रकार सेंसेक्स का इडेक्स 0.84% गिरकर 74,272.61 अंक पर पहुंचा। दोनों इंडेक्स ने अपने पिछले 3 महीने का निचला स्तर छुआ। यह गिरावट भारतीय शेयर बाजार को पांचवें सप्ताह की ओर ले जा रही है
मिडिल ईस्ट के तनाव ने बढ़ाया संकट
मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच फिर से युद्ध का संघर्ष हो चुका है अमेरिका ने ईरान के कई टैंकरों पर हमला किया उसी के जवाब में ईरान ने आसपास अमेरिका के कई एयर बेस पर मिसाइलो से हमला किया। इसका असर ग्लोबल मार्केट के साथ भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा। जिससे कच्चे तेल के भाव में बढ़ोतरी देखी गई।
बैंकिंग, मेटल और ऑटो सेक्टर देखा गया दबाव
निफ्टी और सेंसेक्स की गिरावट के साथ-साथ भारतीय बाजार में बैंकिंग मेटल और ऑटो सेक्टर के तीनों इंडेक्स में भी गिरावट देखने को मिली।
- 1.4% की गिरावट निफ्टी फाइनेंशियल इंडेक्स रही।
- 2.8% की गिरावट निफ्टी मेटल इंडेक्सम रही।
- 1.3% की गिरावट निफ्टी ऑटो सेक्टर में रही।
तेल कंपनिया ONGC और ऑयल इंडिया में दिखी तेजी
भारतीय शेयर बाजार के अधिकांश शेयरों में गिरावट देखने को मिली। तू दूसरी और सरकारी तेल कंपनिया ओएनजीसी और ऑयल इंडिया के शेयरों में तेजी देखने को मिली।
ONGC के शेयर में 1.3% और OIL india के शेयर में 0.7% की बढ़ोतरी हुई। इनके भाव में बढ़ोतरी होने से दूसरी तेल कंपनियों पर सकारात्मक असर दिख सकता है
निष्कर्ष
मिडिल ईस्ट में तनाव और कच्चे तेल में बढ़ोतरी होने से भारतीय शेयर बाजार में गिरावट देखने को मिली। साथ ही मेटल ऑटो और फाइनेंस सेक्टर में भी गिरावट देखने को मिली। इसी के विपरीत ओएनजीसी और ऑयल इंडिया के शेयर में बढ़ोतरी दिखी। अब आगे आने वाले समय में संघर्ष कैसा रहता है और कच्चे तेल में किस प्रकार उतार चढ़ाव आता है इसकी नजर सभी निवेशकों को बाजार पर रखनी होगी।
Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी देने के उद्देश्य से लिखा गया है। यहां किसी भी प्रकार के निवेश की सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह लें।
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